

25 जुलाई को कांग्रेस नेता कमल पांडेय ने कटनी की भ्रष्ट नगर निगम को चेताया था कि शहर का ड्रेनेज सिस्टम (नाली तंत्र ) चरमरा चुका है । पर भ्रष्टाचार में कंठ तक डूबी नगर निगम ने कोई सुध नहीं ली और नतीजा आपके सामने है की मात्र 8-10 घंटे की बारिश में ही आधे से ज़्यादा शहर जल मग्न हो गया और आम नागरिकों की करोड़ों रुपये की संपत्ति का नुक़सान हो गया । अगर सूचना के अधिकार के तहत इस बात की जानकारी निकाली जाये कि बड़े नाले और नाली साफ़ करने के नाम पर कितना बजट स्वीकृत हुआ इसकी जानकारी एकत्र की जाए तो करोड़ों का भ्रष्टाचार सामने आएगा और सबने मिल बाँट कर खाया हैं इसकी भी पुष्टि हो जायेगी । अब कटनी की जनता को एहसास हो रहा है कि बड़बोले और नक़ली समाजसेवी को वोट देना कटनी की जानता कि बहुत बड़ी भूल थी। कटनी में जो बाढ़ के हालात पैदा हुए हैं ये प्राकृतिक कम और मानव निर्मित ज़्यादा हैं। जल भराव के लिए निकासी की कोई प्लानिंग नहीं हुई ना ही शहर के बड़े नाले और नालियों की साफ़ सफ़ाई हुई । नगर सरकार का पूरा ध्यान सिर्फ़ ठेकदारी, कमीशन खोरी और भ्रष्टाचार करने पर है 🖋️ कटनी से ब्यूरो चीफ पारस गुप्ता की रिपोर्ट

