
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन करोड़ों कर्मचारियों के लिए बेहद मददगार है। पीएफ का पैसा जरूरत के समय और भविष्य में काम आता है। अब ईपीएफओ अपने सदस्यों के लिए नई सुविधा दे रहा है। देश में चल रही महामारी को देखते हुए कोरोना इंश्योरेंस कवर (Corona Insurance Cover) उपलब्ध करा रहा है। ईपीएफओ (EPFO) ने ईडीएलआई के तहत इंश्योरेंस कवर को बढ़ाकर सात लाख रुपए कर दिया है। ईपीएफओ का कोरोना इंश्योरेंस कवर उन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा। जिन्होंने एक साल के अंदर एक से अधिक संस्थानों में काम किया है। यह क्लेम बीमारी, हादसे या निधन पर भी किया जा सकता है। इससे पहले बीमा कवर की राशि 2.5 लाख रुपए थी। बता दें कर्मचारी भविष्य निधि संगठन कोविड संक्रमण को देखते हुए यह स्कीम लेकर आया है।
कैसे होती है क्लेम की गणना
ईडीएलआई स्कीम में क्लेम की गणना कर्मचारी को मिली 12 महीने की बेसिक सैलरी और डीए के आधार पर होती है। इस बीमा का क्लेम लास्ट बेसिक वेतन और डीए का 35 गुना होता है। अगर 12 महीने की बेसिक सैलरी और डीए 15 हजार रुपए है को क्लेम 35 गुना 15 हजार प्लास एक लाख 75 हजार यानि 7 लाख रुपए होगा।
ऐसे होगा दावा
ईपीएफ सदस्य की मृत्यु होने पर उसे नॉमिनी या उत्तराधिकारी इंश्योरेंस कवर के लिए क्लेम कर सकते हैं। अगर क्लेम करने वाले की उम्र 18 साल से कम है। उसकी तरफ से उसके परिजन क्लेम कर सकता है। इसके लिए बीमा कंपनी को कर्मचारी का डेथ सर्टिफिकेट, सक्सेशन सर्टिफिकेट, माइनर नॉमिनी की ओर से अप्लाई करने वाले अभिभावक लेटर और बैंक विवरण देना होगा।

